निहायत ही रंज-ओ-ग़म के साथ तमाम बिरादराने इस्लाम को इत्तला दी जाती है कि आज बरोज़ बुधवार, तारीख़ 11 फ़रवरी 2026 को मोहल्ला रेत्ती, मेन रोड, क़स्बा थानाभवन, जिला शामली (उत्तर प्रदेश) के मक़ीम हाजी अब्दुल अज़ीज़ वल्द जनाब अलीमुद्दीन साहब (मरहूम), उम्र तक़रीबन 87 साल, क़ज़ा-ए-इलाही से इस फ़ानी दुनिया से रुख़्सत हो गए।
मरहूम का ताल्लुक़ कुतुबगढ़ वालों से था और वह अपनी नेक सीरत, ख़ुलूस, इबादतगुज़ारी और बिरादरी में मोहब्बत व हमदर्दी के लिए जाने जाते थे। उनका इंतकाल यक़ीनन अहल-ए-ख़ाना ही नहीं बल्कि पूरे खानदान और इलाके के लिए गहरा सदमा है।
🏠 पसमांदगान ( ग़मजदा फैमिली )
मरहूम अपने पीछे ग़मगीन खानदान छोड़ गए हैं, जिनमें:
- बड़े भाई हाजी अब्दुल हमीद साहब (मरहूम)
- जनाब अब्दुल हाफ़िज़ साहब (मरहूम)
- सबसे छोटे भाई जनाब अब्दुल रहीम (हयात)
- एक बहन जमशीदा बी (मरहूमा) अहलिया जनाब मोहम्मद इस्लामुद्दीन साहब (थानाभवन)
औलाद में:
- जनाब मोहम्मद असलम
- हाफ़िज़ मोहम्मद अफ़ज़ल
- मोहम्मद अकरम
- आस मोहम्मद
और दो साहिबज़ादियां:
- फरजाना बी, अहलिया हाफ़िज़ शरीफ़ अहमद (गढ़ी पुख़्ता)
- मुबबशरा बी, अहलिया मोहम्मद इरफ़ान (चरथावल)
इसके अलावा पौते-पोतियां, नाती-नातिनें और तमाम अज़ीज़-ओ-अक़ारिब इस सदमे में ग़मगीन हैं।
🕌 नमाज़-ए-जनाज़ा व तदफीन
मरहूम की मय्यत को आज बाद नमाज़ ईसा ठीक साढ़े 7 बजे चरथावल बस स्टैंड से आगे गोरे ग़रीबा कब्रिस्तान में सुपुर्द-ए-ख़ाक किया जाएगा।तमाम अहबाब से दरख़्वास्त है कि नमाज़-ए-जनाज़ा में शरीक होकर सवाब-ए-दारेन हासिल करें और मरहूम के हक़ में दुआ-ए-मग़फ़िरत करें।
📞 मालूमात के लिए राब्ता
मय्यत से संबंधित किसी भी जानकारी के लिए मरहूम के भतीजे
मोहम्मद साजिद
📱 9152561843
से राब्ता कायम करें।
🤲 दुआ
अल्लाह तआला मरहूम की मग़फ़िरत फ़रमाए, उनकी क़ब्र को जन्नत के बाग़ों में से एक बाग़ बनाए, उनके दर्जात बुलंद फ़रमाए और तमाम घर वालों को सब्र-ए-जमील अता फ़रमाए।आमीन या रब्बुल आलमीन।
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