Monday, April 13, 2026

एक ही दिन, एक ही ज़िले से उठे दो जनाज़े… दिलों को अश्कबार कर देने वाली इत्तिलाएँ

निहायत ही रंज-ओ-ग़म के साथ यह इत्तिला दी जा रही है कि ज़िला बागपत आज ग़म की गहरी चादर में लिपटा नज़र आया, जब एक ही दिन में दो अलग-अलग मकामात से दो दुखद ख़बरें सामने आईं। इन हादसों ने पूरे इलाके में मायूसी और उदासी की फिज़ा कायम कर दी।

पहली ख़बर तहसील बड़ौत के गांव सिक्का से है, जहाँ आज दिन पीर, बा-तारीख़ 13 अप्रैल 2026 को जनाब युसूफ साहब (मरहूम) की अहलिया, गफूरन बी (उम्र तकरीबन 75 साल) का सुबह लगभग 10 बजे क़ज़ा-ए-इलाही से इंतेकाल हो गया। मरहूमा के इंतिकाल से घर-परिवार ही नहीं बल्कि पूरे गांव में गहरा दुख फैल गया है।
अल्लाह तआला मरहूमा की मगफिरत फरमाए, उनकी क़ब्र को नूर से भर दे और घर वालों को सब्र-ए-जमील अता फरमाए।

दूसरी बेहद दर्दनाक ख़बर क़स्बा बड़ौत के मोहल्ला पठानकोट, बड़ी मस्जिद के नज़दीक से है, जहाँ जनाब मुस्ताक साहब के पोते और नदीम साहब के फरजंद, मासूम मोहम्मद अजीज (उम्र लगभग 10 साल) का आज दोपहर करीब 1 बजे इंतिकाल हो गया। कमसिन उम्र में इस दुनिया से रुख़्सती ने हर दिल को ग़मगीन कर दिया है और हर आंख नम है।
अल्लाह तआला इस मासूम को जन्नतुल फिरदौस में आला से आला मकाम अता फरमाए और अहले-खाना को यह सदमा बर्दाश्त करने की तौफीक़ अता करे।

दोनों मरहूमीन की नमाज़-ए-जनाज़ा बाद नमाज़ मगरिब अदा की जाएगी। गफूरन बी को गांव सिक्का में सुपुर्द-ए-ख़ाक किया जाएगा, जबकि मोहम्मद अजीज को हीरोज कॉलेज के सामने गोरे गरीबां कब्रिस्तान में दफन किया जाएगा।
तमाम अहबाब से गुज़ारिश है कि जनाज़ों में शिरकत फरमाकर सवाबे दारेन हासिल करें और मरहूमीन के लिए दुआ-ए-मगफिरत करें।

अधिक जानकारी के लिए जनाब अलीहसन मुल्तानी साहब (मोबाइल: 9027475784) से राब्ता कायम किया जा सकता है।

अल्लाह तआला दोनों मरहूमा और मरहूम की मगफिरत फरमाए, उनकी क़ब्रों को जन्नत के बाग़ों में से एक बाग़ बना दे और तमाम पसमांदगान को सब्र-ए-जमील अता फरमाए। आमीन।

— ज़मीर आलम
पत्रकार, बागपत (उत्तर प्रदेश)
राष्ट्रीय समाचार पत्रिका "मुल्तानी समाज"
मो.: 9410652990, 8010884848

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