Sunday, November 1, 2026

हेलीकॉप्टर से बारात लेकर पहुंचे रिहान मुल्तानी, माहिन मुल्तानी के निकाह ने बागपत से दिल्ली तक बिखेरी शाही शान; मुस्लिम मुल्तानी लोहार, बढ़ई बिरादरी में यादगार बना यह निकाह

बागपत। खुशियों के नग़्मे, रिश्तों की मिठास, अपनों की मोहब्बत और एक यादगार निकाह की शानदार तस्वीरों ने 01 नवंबर 2026, दिन इतवार को बागपत की सरज़मीं पर ऐसा समां बांधा कि यह दिन मुस्लिम मुल्तानी लोहार, बढ़ई बिरादरी के लिए लंबे अरसे तक याद रखा जाएगा।

मोहम्मद अखलाक साहब वल्द जनाब मोहम्मद इस्माईल साहब, निवासी बाग्गू वाले, जिला बागपत, उत्तर प्रदेश की नेक और सालेहा दुख़्तर माहिन मुल्तानी के निकाह की खुशियां उस वक्त और भी यादगार बन गईं, जब सलीम मुल्तानी साहब वल्द मरहूम मोहम्मद लतीफ़ मुल्तानी, रेलवे ठेकेदार, गांव बाजिदपुर वाले तथा हाल निवासी स्वरूप नगर, दिल्ली, अपने फरज़ंद रिहान मुल्तानी की बारात लेकर हेलीकॉप्टर के ज़रिये बसंत गार्डन, गौरीपुर, बागपत पहुंचे।

दूल्हे मियां की हेलीकॉप्टर से आमद ने शादी के इस मुबारक मौके को एक अलग ही शान और रौनक अता कर दी। बारात की आमद की खबर सुनकर न केवल बागपत बल्कि आसपास के इलाकों से भी बड़ी तादाद में लोग अपने खानदान और परिवार के साथ इस यादगार लम्हे का गवाह बनने पहुंचे।

हेलीकॉप्टर की आमद बनी हर किसी की तवज्जो का मरकज़

इस शानदार शादी की सबसे दिलचस्प बात यह रही कि शादी में शरीक होने के लिए मर्दों के साथ-साथ महिलाओं और बच्चों में भी ग़ैरमामूली जोश और उत्सुकता देखने को मिली। खास तौर पर महिलाओं में हेलीकॉप्टर से आने वाली बारात को देखने और इस ऐतिहासिक लम्हे को अपने मोबाइल कैमरों में महफूज़ करने का खासा शौक दिखाई दिया।

कोई हेलीकॉप्टर की आमद का नज़ारा अपने कैमरे में कैद कर रहा था, तो कोई दूल्हा मियां के साथ तस्वीरें खिंचवाकर इस खुशी को यादगार बनाने में मशगूल था। बच्चे भी इस अनोखे नज़ारे को देखने के लिए खासे पुरजोश दिखाई दिए।

शादी के हर लम्हे में खुशियों की चमक, अपनों का प्यार और मेहमानों की रौनक साफ़ नज़र आ रही थी। यूं महसूस हो रहा था कि जैसे पूरा माहौल एक यादगार जश्न में तब्दील हो गया हो।

दुल्हन के चाचा और ताऊ की खुशियों का नहीं रहा ठिकाना

अपनी भतीजी माहिन मुल्तानी की इस शानदार शादी पर दुल्हन के ताऊ मोहम्मद इरफ़ान मुल्तानी साहब तथा चाचा रिजवान मुल्तानी और शाहनवाज मुल्तानी साहब की खुशियां देखते ही बन रही थीं। अपने परिवार की इस खुशी और शानदार आयोजन को देखकर तमाम अहले-खानदान के चेहरों पर मुस्कुराहट और दिलों में खुशी की लहर दिखाई दी।

बेशक, शादी-ब्याह तो हर खानदान में होते हैं, मगर कुछ आयोजन अपनी अनूठी खासियत, शानदार इंतज़ाम और यादगार लम्हों की वजह से लोगों के दिलों में हमेशा के लिए जगह बना लेते हैं। रिहान मुल्तानी और माहिन मुल्तानी का यह निकाह भी उन्हीं यादगार आयोजनों में शामिल हो गया।

बिरादरी के लिए यादगार बना 01 नवंबर 2026

पैदायशी इंजीनियर मुस्लिम मुल्तानी लोहार, बढ़ई बिरादरी के लिए 01 नवंबर 2026 का यह दिन एक यादगार तारीख़ बन गया। बागपत की सरज़मीं पर हेलीकॉप्टर से बारात की आमद ने इस निकाह को न केवल स्थानीय स्तर पर बल्कि बिरादरी के बीच भी चर्चा का मौज़ू बना दिया।

इस शादी की चर्चा हर तरफ सुनाई दी। लोगों ने अपने-अपने अंदाज़ में इस शानदार आयोजन की तारीफ़ की और इस खुशी के मौके को अपने लिए भी एक यादगार अनुभव बताया।

मगर इस पूरे आयोजन की असल खूबसूरती सिर्फ़ शानो-शौकत नहीं, बल्कि दो खानदानों का आपसी रिश्ता, मोहब्बत, अपनापन और एक नए सफ़र की शुरुआत है। आखिरकार निकाह इस्लाम में एक पाकीज़ा रिश्ता और दो परिवारों के बीच मोहब्बत व जिम्मेदारियों का खूबसूरत अहद है।

दूल्हा-दुल्हन के लिए बिरादरी की तरफ़ से ख़ास दुआएं

इस मुबारक मौके पर "मुल्तानी समाज" राष्ट्रीय समाचार पत्रिका, मुल्तानी समाज चैरिटेबल ट्रस्ट और पूरी मुस्लिम मुल्तानी लोहार, बढ़ई बिरादरी की जानिब से नवनिकाहिता जोड़ी रिहान मुल्तानी और माहिन मुल्तानी को दिली मुबारकबाद और ढेरों नेक ख्वाहिशात पेश की जाती हैं।

अल्लाह रब्बुल इज़्ज़त से दुआ है कि इस नए जोड़े की जिंदगी को हमेशा खुशियों, मोहब्बत, सुकून, रहमत और बरकतों से भर दे। दोनों के दरमियान हमेशा इत्तेहाद, एक-दूसरे का एहतराम, वफ़ादारी और बेपनाह मोहब्बत कायम रहे।

अल्लाह तआला दोनों को एक-दूसरे के लिए आंखों की ठंडक बनाए, हर मुश्किल में एक-दूसरे का सहारा बनाए, हलाल रिज़्क़ में बरकत अता फरमाए और नेक व सालेह औलाद से नवाज़े।

اللَّهُمَّ بَارِكْ لَهُمَا وَبَارِكْ عَلَيْهِمَا وَاجْمَعْ بَيْنَهُمَا فِي خَيْرٍ

तर्जुमा: ऐ अल्लाह! इन दोनों के लिए बरकत अता फरमा, इन पर अपनी बरकतें नाज़िल फरमा और इन्हें भलाई के साथ हमेशा एक-दूसरे के साथ रख।

आमीन या रब्बुल आलमीन!

03 नवंबर को दिल्ली में होगा दावत-ए-वलीमा

रिहान मुल्तानी और माहिन मुल्तानी के निकाह के बाद अब इस खुशी के मौके पर दावत-ए-वलीमा का शानदार प्रोग्राम बाकी है, जो दिन मंगल, बा-तारीख़ 03 नवंबर 2026 को ब्रिस्टल फॉर्म, बकौली विलेज, बख्तावरपुर रोड, अलीपुर, दिल्ली में मुनअक़िद होगा।

उम्मीद है कि इस मुबारक तक़रीब में भी बिरादरी की जानी-मानी शख्सियात, सामाजिक और कारोबारी हस्तियां, वीआईपी एवं वीवीआईपी मेहमानों के साथ दोनों खानदानों के अज़ीज़ो-अक़ारिब बड़ी तादाद में शिरकत करेंगे और नवनिकाहिता जोड़ी को अपनी दुआओं से नवाज़ेंगे।

"मुल्तानी समाज" की ख़ास कोशिश — यादगार लम्हों को बिरादरी तक पहुंचाना

"मुल्तानी समाज" राष्ट्रीय समाचार पत्रिका की कोशिश रहेगी कि इस शानदार निकाह और दावत-ए-वलीमा में शरीक रहने वाली अहम शख्सियात, वीआईपी एवं वीवीआईपी मेहमानों, दूल्हा-दुल्हन के वालिदैन, ताऊ, चाचा, रिश्तेदारों, अज़ीज़ो-अक़ारिब और दोनों खानदानों से अपने पाठकों को रूबरू कराया जाए।

यदि मोहम्मद अखलाक साहब और सलीम मुल्तानी साहब की जानिब से "मुल्तानी समाज" राष्ट्रीय समाचार पत्रिका को इस यादगार शादी के बाकी लम्हों और वलीमे की कवरेज के लिए दावत दी जाती है, तो हमारी कोशिश होगी कि इस खुशी के मौके की खास तस्वीरें और अहम जानकारियां बिरादरी तक पहुंचाई जाएं, ताकि आने वाली नस्लें भी इस यादगार आयोजन के बारे में जान सकें।

आखिर में एक बार फिर रिहान मुल्तानी और माहिन मुल्तानी को दिली मुबारकबाद। अल्लाह पाक आपके नए सफ़र को खुशहाल बनाए और दोनों खानदानों के दरमियान मोहब्बत, इज़्ज़त और रिश्तों की मिठास हमेशा कायम रखे।


प्रसारित: उत्तर प्रदेश डेस्क

ज़मीर आलम प्रधान संपादक

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