Tuesday, July 21, 2026

बाद-ए-दफ़्न मरहूम जनाब यूनुस साहब की मग़फ़िरत के लिए ख़ुसूसी ताज़ियती इत्तिला

एक नेकदिल इंसान अपने रब से जा मिला, दुआ है अल्लाह तआला उनकी मग़फ़िरत फ़रमाए और जन्नतुल फ़िरदौस में आला मुक़ाम अता फ़रमाए।

निहायत ही रंज-ओ-ग़म और अफ़सोस के साथ तमाम बिरादरान-ए-मुल्तानी लोहार (बढ़ई) को इत्तिला दी जाती है कि मरहूम जनाब यूनुस साहब निवासी गाँव फतेहपुर, छुटमलपुर, ज़िला सहारनपुर (उत्तर प्रदेश) का मंगलवार, 21 जुलाई 2026 को सेलाकुई, ज़िला देहरादून (उत्तराखंड) में लंबी बीमारी के बाद कज़ा-ए-इलाही से इंतिक़ाल हो गया।

मरहूम अपनी ख़ुशअख़्लाक़ी, नेक सीरत और मिलनसार मिज़ाज की वजह से बिरादरी में एक अच्छी पहचान रखते थे। सर्विस के दौरान उनकी रहाइश मसूरी (देहरादून) में भी रही। उनके इंतिक़ाल की ख़बर से पूरे इलाक़े और बिरादरी में ग़म की लहर दौड़ गई।

मरहूम की नमाज़-ए-जनाज़ा के बाद उन्हें सुपुर्द-ए-ख़ाक कर दिया गया। इस मौक़े पर बड़ी तादाद में अहबाब, अज़ीज़-ओ-अक़ारिब और बिरादरी के लोगों ने नम आँखों से उन्हें आख़िरी विदाई दी और उनकी मग़फ़िरत के लिए ख़ुसूसी दुआएँ कीं।

दुआ है कि अल्लाह तआला मरहूम की तमाम ख़ताओं को माफ़ फ़रमाए, उनकी क़ब्र को जन्नत के बाग़ों में से एक बाग़ बना दे, क़ब्र की तमाम मंज़िलें आसान फ़रमाए, उन्हें जन्नतुल फ़िरदौस में आला मुक़ाम अता फ़रमाए और अहल-ए-ख़ाना व तमाम पसमान्दगान को सब्र-ए-जमील अता फ़रमाए। आमीन या रब्बुल आलमीन।

नोट:
मरहूम के सिलसिले में अधिक जानकारी के लिए जनाब मोहम्मद हनीफ़ साहब (भगवानपुर, ज़िला हरिद्वार, उत्तराखंड) से मोबाइल नंबर 9897563371 पर राब्ता क़ायम किया जा सकता है।


सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय, भारत सरकार से पंजीकृत, मुल्क की राजधानी नई दिल्ली से प्रसारित, पैदायशी इंजीनियर मुस्लिम मुल्तानी लोहार (बढ़ई) बिरादरी की मुल्क की इकलौती क़ौमी समाचार पत्रिका, न्यूज़ पोर्टल एवं यूट्यूब चैनल "मुल्तानी समाज" के लिए उत्तर प्रदेश डेस्क से प्रधान संपादक ज़मीर आलम की ख़ास रिपोर्ट।

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