Thursday, June 4, 2026

मिस्त्री शाहिद के वालिद जनाब अब्दुल सत्तार का इंतिकाल, इलाके में शोक की लहर,

इन्ना लिल्लाहि व इन्ना इलैहि राजिऊन: 

बड़ौत/बागपत। बड़े ही रंज और अफ़सोस के साथ यह खबर प्राप्त हुई कि जनाब अब्दुल सत्तार पुत्र अजीजुद्दीन ( मरहूम मूल निवासी ग्राम वाजिदपुर, जिला बागपत (उत्तर प्रदेश) तथा हाल मुकाम छपरौली चुंगी, तोमर नर्सिंग होम के सामने, का आज 04 जून 2026 (जुमेरात) को लगभग दोपहर 1 बजे इंतिकाल हो गया।

मरहूम के इंतिकाल की खबर मिलते ही परिवार, रिश्तेदारों, दोस्तों और क्षेत्र के लोगों में गहरा दुख व्याप्त हो गया। जनाब अब्दुल सत्तार अपने सादगीपूर्ण स्वभाव, मिलनसार व्यक्तित्व और नेक अख़लाक़ के लिए जाने जाते थे। उनके इंतेकाल से परिवार ही नहीं बल्कि जानने वालों के बीच भी एक खालीपन महसूस किया जा रहा है।

परिजनों से मिली जानकारी के अनुसार मरहूम की मैय्यत को आज बाद नमाज़ मग़रिब  सुपुर्द-ए-ख़ाक किया जाएगा। इस दुखद मौके पर बड़ी संख्या में लोगों के जनाज़े में शामिल होने की संभावना है।

हम सब अल्लाह तआला की बारगाह में दुआगो हैं कि वह मरहूम की तमाम खताओं को माफ़ फरमाए, उनकी मग़फिरत फरमाए, कब्र को जन्नत के बागों में से एक बाग बनाए और उन्हें जन्नतुल फिरदौस में आला से आला मकाम अता फरमाए। साथ ही उनके तमाम अहलेखाना, रिश्तेदारों और चाहने वालों को इस सदमे को बर्दाश्त करने की तौफीक़ अता फरमाए।

"हर जान को मौत का स्वाद चखना है, और फिर उसी की तरफ़ लौटकर जाना है।"

मुल्तानी समाज परिवार इस दुख की घड़ी में मरहूम के परिजनों के साथ अपनी गहरी संवेदनाएं व्यक्त करता है तथा तमाम पाठकों और बिरादराना हज़रात से मरहूम के लिए ख़ुसूसी दुआ-ए-मग़फिरत की अपील करता है।

दुआ करें: अल्लाह तआला मरहूम अब्दुल सत्तार साहब की मग़फिरत फरमाए, उनकी कब्र को रौशन फरमाए, जन्नतुल फिरदौस में जगह अता फरमाए और तमाम अहलेखाना को सब्र-ए-जमील नसीब फरमाए। आमीन सुम्मा आमीन।

— ज़मीर आलम प्रधान संपादक, मुल्तानी समाज बड़ौत, जिला बागपत (उत्तर प्रदेश)

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